Monday, January 12, 2026

यूएई ने हिमाचल में पर्यटन और हरित ऊर्जा क्षेत्र में निवेश में रुचि दिखाई

मुख्यमंत्री ने यूएई की कम्पनियों को हिमाचल प्रदेश के प्रमुख क्षेत्रों में निवेश के लिए आमंत्रित किया

हिमाचल आजकल

शिमला। भारत में संयुक्त अरब अमीरात के राजदूत डॉ. अब्दुलनासिर अलशाली ने आज यहां मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू से भेंट कर प्रदेश में निवेश के संभावित अवसरों पर विचार-विमर्श किया। मुख्यमंत्री ने यूएई को पर्यटन एवं आतिथ्य सत्कार, हरित ऊर्जा, डेयरी, खाद्य प्रसंस्करण और डाटा स्टोरेज जैसे प्रमुख क्षेत्रों में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया।
ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में हिम आच्छादित, पर्वतीय क्षेत्र और प्राकृतिक जल संसाधनों सहित अनेक खूबसूरत स्थल हैं जो प्रदेश को निवेश के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध करवाते हैं। हिमाचल को पर्यटन क्षेत्र में निवेश का पसंदीदा गंतव्य स्थल स्थापित करने के लिए राज्य सरकार पर्यटन अधोसंरचना को बढ़ाने, रोप-वे के विकास सहित कांगड़ा एयरपोर्ट के विस्तार, नए फोरलेन निर्माण और हेलीपोर्ट के निर्माण कर रही है।
यूएई के राजदूत ने पर्यटन क्षेत्र विशेष रूप से साहसिक खेलों एवं स्कीईंग जैसे क्षेत्रों में निवेश में गहरी रुचि दिखाई। उन्होंने कहा कि यूएई ने प्रदेश में निवेश के लिए संभावित क्षेत्रों की पहचान की है। उन्होंने अतिरिक्त स्थलों के लिए प्रदेश सरकार के सुझावों का स्वागत किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश आगामी वर्ष तक हरित ऊर्जा राज्य के रूप में स्थापित होने की राह पर अग्रसर है। पिछले दो वर्षों के दौरान वर्तमान प्रदेश सरकार ने पर्यावरण संरक्षण और हरित ऊर्जा के दोहन के लिए ठोस प्रयास किए हैं। इस पहल में नई सौर ऊर्जा परियोजनाएं, छः ग्रीन कॉरिडोर का विकास और चरणबद्ध तरीके से राज्य के स्वामित्व वाली सभी डीजल बसों को ई-बसों से बदलना शामिल हैं। हिमाचल प्रदेश में देश की 25 प्रतिशत जल विद्युत उत्पादन की क्षमता है। यहां पर सौर ऊर्जा तथा पंप भंडारण परियोजनाओं सहित हरित ऊर्जा क्षेत्र में निवेश करने के अपार अवसर निहित हैं।
यूएई के राजदूत ने कहा कि उनका देश पहले से ही भारत में हरित ऊर्जा क्षेत्र से जुड़ा हुआ है। उन्होंने हिमाचल प्रदेश में हरित ऊर्जा परियोजनाओं में निवेश करने पर रूचि दिखाई है। उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात के साथ विशेष परियोजनाओं की जानकारी साझा करने का आग्रह किया ताकि दोनों के मध्य परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए समन्वय स्थापित किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश देश में प्राकृतिक खेती के क्षेत्र में अग्रणी राज्य के रूप में उभरा है और डेयरी उद्योग को भी प्रोत्साहित कर रहा है। उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात की कंपनियों को राज्य में खाद्य प्रसंस्करण, कोल्ड स्टोरेज सुविधाओं, स्मार्ट सिटी परियोजनाओं और आधुनिक शहरी योजनाओं में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया।
दोनो पक्षों ने इस दिशा में संयुक्त रूप से कार्य करने और विकास को गति प्रदान करने पर सहमति जताई। उन्होंने परियोजनाओं के शीघ्र क्रियान्वयन के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त करने का निर्णय भी लिया। संयुक्त अरब अमीरात के राजदूत ने कहा कि यूएई की एक तकनीकी टीम परियोजनाओं का आंकलन करने के लिए शीघ्र राज्य का दौरा करेगी और आगे की कार्यवाही पर निर्णय दिया जाएगा। इसके दृष्टिगत दोनों पक्षों के अधिकारियों के मध्य बैठक आयोजित की जाएगी।
उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान, मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार (सूचना प्रौद्योगिकी एवं नवाचार) गोकुल बुटेल, यूएई के आर्थिक मामलों के विशेषज्ञ रशीद अमीरी, मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना, अवसंरचना सलाहकार अनिल कपिल, अतिरिक्त मुख्य सचिव आरडी नज़ीम, प्रधान सचिव देवेश कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव राकेश कंवर और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।

Get in Touch

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related Articles